उपाय उदाहरण कुंडली
1 · विषय चुनिए
रिश्ते धैर्य और समझ से बनते हैं। परंपरा विवाह को 7वें भाव और शुक्र से जोड़ती है; नीचे ₹0 से शुरू होने वाले विकल्प हैं, जिनमें से आप जो चाहें चुनें।
2 · इस विषय से जुड़े ग्रह
चंद्र चुना
7वें भाव (जीवनसाथी) का स्वामी
शुक्र
चल रही महादशा का स्वामी
7वें भाव का कारक
गुरु (बृहस्पति)
परंपरा स्त्री की कुंडली में पति का कारक गुरु को भी मानती है
3 · उपाय, सबसे सरल पहले
परंपरा चंद्र को मन, माता, भावनाओं, नींद और जल से जोड़ती है। नीचे चंद्र से जुड़े उपाय 16 तरह के विकल्पों में हैं; ₹0 वाले पहले, चुनना आपका है।
आहार · ₹0
चंद्र का अनाज: चावल
सोमवार को भोजन में चावल, दूध या दही रखें। नवधान्य की आम सूची में चावल चंद्र का अनाज है।
सोमवार
शास्त्र · Phaladīpikā (V. S. Sastri) II.28
करें / न करें
न करें: दूध से परेशानी (लैक्टोज़) हो तो दूध की जगह चावल ही रखें।
शास्त्र में बताया भोजन: दूध में पके चावल
BPHS चंद्र की पूजा के बाद ब्राह्मणों को दूध में पके चावल (खीर) खिलाने की बात कहता है।
चंद्र की पूजा के बाद
शास्त्र · BPHS (Santhanam) 84.23–24
आज का रूप: खीर बाँटना
सोमवार या पूर्णिमा को खीर बनाकर घर की बुज़ुर्ग महिलाओं और किसी ज़रूरतमंद को खिलाएँ।
सोमवार या पूर्णिमा
परंपराकरें / न करें
करें: जो खिलाएँ, वह साफ़ और ताज़ा हो।
व्रत · ₹0
सोमवार व्रत
एक समय सादा भोजन या फलाहार; सुबह शिवजी को जल चढ़ाकर दिन शुरू करें।
सोमवार (शुक्ल पक्ष के पहले सोमवार से शुरू करने की परंपरा है)
परंपराकरें / न करें
न करें: स्वास्थ्य ठीक न हो, गर्भावस्था या दवा चल रही हो तो व्रत न करें या डॉक्टर से पूछें।
पूर्णिमा व्रत
पूर्णिमा को दिन में सादा रहकर शाम को चंद्रमा को जल (अर्घ्य) देकर भोजन करें।
पूर्णिमा
परंपराकरें / न करें
न करें: स्वास्थ्य ठीक न हो, गर्भावस्था या दवा चल रही हो तो व्रत न करें या डॉक्टर से पूछें।
आचरण / कर्म · ₹0
चंद्र: मन और माता का कारक
शास्त्र चंद्र को कालपुरुष का मन और माता का कारक बताता है। इसलिए परंपरा चंद्र के उपाय में माँ और अपने मन की देखभाल को रखती है।
हमेशा
शास्त्र · BPHS (Santhanam) 32.22–24
माँ से जुड़ाव, मन की देखभाल
माँ (या माँ-समान महिला) से रोज़ बात करें, उनका आशीर्वाद लें। नींद पूरी लें, कुछ देर चुपचाप बैठें या टहलें।
रोज़
परंपराकरें / न करें
करें: मन बहुत भारी लगे तो किसी अपने या काउंसलर से बात करें।
न करें: गुस्से में बड़े फ़ैसले न लें।
प्रश्न मार्ग का आचरण
बड़ों की बात मानना, वेद-पुराण सुनना और मन को शुद्ध रखना: प्रश्न मार्ग इसे सभी ग्रहों के लिए बताता है।
जब भी मन हो
शास्त्र · Praśna Mārga XXII.31 (Raman tr.)
चंद्र को कालपुरुष का मन कहने का आधार जातक पारिजात II.1 है; माता का कारक BPHS 32.22–24 और 10.43–45 से।
रंग / वस्त्र / दिशा · ₹0
सफ़ेद रंग
प्रश्न मार्ग चंद्र के लिए सफ़ेद वस्त्र और सफ़ेद फूलों से पूजा बताता है। सोमवार को सफ़ेद या हल्के क्रीम रंग के कपड़े पहन सकते हैं।
सोमवार
शास्त्र · Praśna Mārga XXII.27 (Raman tr.)
वायव्य (उत्तर-पश्चिम) दिशा
जातक पारिजात चंद्र को वायव्य (उत्तर-पश्चिम) दिशा का स्वामी बताता है।
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शास्त्र · Jātaka Pārijāta II.23
ग्रह का चित्र उसकी दिशा में
BPHS कहता है कि ग्रहों के चित्र कपड़े पर उनके रंगों में बनाकर उनकी अपनी दिशा में रखे जाएँ। पूजा-स्थान में चंद्र का चित्र उत्तर-पश्चिम की ओर रख सकते हैं।
पूजा के समय
शास्त्र · BPHS (Santhanam) 84.3–5
करें / न करें
करें: रंग चुनना आपकी सुविधा पर है; ऑफ़िस या स्कूल के नियम पहले।
जातक पारिजात के अनुसार दिशाएँ: सूर्य पूर्व, शुक्र आग्नेय, मंगल दक्षिण, राहु नैऋत्य, शनि पश्चिम, चंद्र वायव्य, बुध उत्तर, गुरु ईशान।
सेवा · ₹0
माँ और बुज़ुर्ग महिलाओं की सेवा
माँ, दादी-नानी या पड़ोस की किसी अकेली बुज़ुर्ग महिला के साथ समय बिताएँ, उनके छोटे काम कर दें।
रोज़, ख़ास कर सोमवार
परंपराप्यासे को पानी
गर्मी में घर के बाहर पक्षियों के लिए पानी का बर्तन रखें, या प्याऊ में मदद करें।
रोज़
लोक मान्यताकरें / न करें
करें: बर्तन का पानी रोज़ बदलें।
वृक्ष सेवा · ₹0
पलाश: चंद्र की समिधा
BPHS चंद्र के हवन के लिए पलाश की लकड़ी बताता है; इसलिए पलाश को चंद्र का वृक्ष माना जाता है।
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शास्त्र · BPHS (Santhanam) 84.21–22
पलाश लगाना या उसे जल देना
सोमवार को पलाश के पेड़ में जल दें, या पलाश (या कोई भी पेड़) लगाकर उसकी देखभाल करें।
सोमवार सुबह
परंपराकरें / न करें
करें: लगाया पेड़ कम से कम पहली गर्मी तक संभालें।
मंत्र जाप / स्तोत्र / पाठ · ₹0
वैदिक मंत्र: 'इमं देवा…'
BPHS चंद्र का वैदिक मंत्र और उसकी जप-संख्या 11,000 बताता है। यह मंत्र किसी जानकार से सीखकर, शुद्ध उच्चारण से जपें।
सोमवार से शुरू, शाम को
शास्त्र · BPHS (Santhanam) 84.17–20
बीज मंत्र और नाम-मंत्र
'ॐ श्रां श्रीं श्रौं सः चन्द्राय नमः' या सरल 'ॐ चन्द्राय नमः' / 'ॐ सोमाय नमः' की एक माला (108)। मन को शांत करने में सहायक माना जाता है।
सोमवार शाम, या रोज़
परंपराकरें / न करें
करें: जप शांत जगह, एक ही समय पर करें; गिनती के लिए माला रखें।
'ॐ नमः शिवाय' और शिव-पूजा
चंद्र शिव के मस्तक पर है, इसलिए परंपरा चंद्र के लिए 'ॐ नमः शिवाय' का जप और शिवलिंग पर जल-दूध चढ़ाने को रखती है।
सोमवार
परंपरादीप दान / मंदिर दर्शन / तीर्थ · ₹0
पूजा में दीप
BPHS ग्रह-पूजा में ग्रह के रंग के फूल-वस्त्र, चंदन, दीप और गुग्गुल अर्पित करने की बात कहता है।
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शास्त्र · BPHS (Santhanam) 84.15–16
सोमवार को शिव मंदिर में दीप
सोमवार शाम शिव मंदिर में घी का दीपक जलाएँ और शिवलिंग पर जल चढ़ाएँ।
सोमवार शाम
परंपरानवग्रह मंदिर या सोमनाथ
पास के नवग्रह मंदिर में चंद्र के दर्शन; मन हो तो सोमनाथ जैसे तीर्थ की यात्रा, जिसे परंपरा चंद्रदेव से जोड़ती है।
सोमवार या पूर्णिमा
परंपराकरें / न करें
करें: दर्शन श्रद्धा और शांति से करें।
लाल किताब · ₹0
माँ का आशीर्वाद
कोई भी ज़रूरी काम माँ (या माँ-समान बुज़ुर्ग महिला) के पैर छूकर शुरू करें।
ज़रूरी काम से पहले
लाल किताब
सिरहाने पानी, सुबह पेड़ में
रात को सिरहाने एक बर्तन में पानी रखकर सोएँ और सुबह वह पानी किसी पेड़ की जड़ में डाल दें।
रात / अगली सुबह
लाल किताब
चाँदी का छोटा टुकड़ा पास रखना
घर में चाँदी का कोई छोटा टुकड़ा या सिक्का हो तो उसे साफ़ करके अपने पास (पर्स में) रखें।
सोमवार से
लाल किताब
करें / न करें
न करें: इसके लिए नई चीज़ ख़रीदना ज़रूरी नहीं।
लाल किताब एक अलग परंपरा है; यहाँ उसके केवल सरल और किसी को नुकसान न पहुँचाने वाले उपाय दिए हैं।
दान · ₹0–₹51
शास्त्र में बताया दान: शंख
BPHS और प्रश्न मार्ग, दोनों चंद्र के लिए शंख का दान बताते हैं।
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शास्त्र · BPHS (Santhanam) 84.25
प्रश्न मार्ग: शंख (गोचर में)
जब गोचर में चंद्र प्रतिकूल माना जाए, प्रश्न मार्ग शंख का दान बताता है।
गोचर के समय
शास्त्र · Praśna Mārga XXII.30 (Raman tr.)
आज का छोटा रूप
चावल, दूध, चीनी या सफ़ेद कपड़ा किसी ज़रूरतमंद को; या किसी मंदिर में छोटा शंख।
सोमवार, या पूर्णिमा
परंपराकरें / न करें
करें: दान अपनी सामर्थ्य के अनुसार, बिना दिखावे के।
प्रश्न मार्ग ये उपाय उस समय के लिए बताता है जब ग्रह गोचर में प्रतिकूल माने जाएँ; इन्हें डर से नहीं, अपनी पसंद से अपनाएँ।
औषधि स्नान · ₹0–₹99
ग्रह की औषधि वाले जल से स्नान
प्रश्न मार्ग ग्रह के अनुसार औषधि वाले जल से स्नान की बात कहता है (गोचर के प्रसंग में)।
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शास्त्र · Praśna Mārga XXII.32 (Raman tr.)
चंद्र के लिए: सफ़ेद चंदन और सफ़ेद फूल
नहाने के पानी में एक चुटकी सफ़ेद चंदन, कुछ सफ़ेद फूल (जैसे मोगरा) और चाहें तो थोड़ा गंगाजल डालकर स्नान करें।
सोमवार सुबह
परंपराकरें / न करें
न करें: त्वचा पर जलन या एलर्जी हो तो न करें; पहले थोड़े पानी में आज़मा लें।
किस ग्रह के लिए कौन-सी औषधि, यह सूची परंपरा से है; हमारी लाइब्रेरी के ग्रंथों में यह सूची नहीं मिली।
जड़ी / मूल · ₹199–₹399
खिरनी मूल
खिरनी की जड़ का छोटा टुकड़ा सफ़ेद कपड़े में बाँधकर, ताबीज़ की तरह गले या भुजा में पहनने की परंपरा है।
सोमवार
परंपराकरें / न करें
करें: जड़ किसी भरोसेमंद जगह से लें।
इसे कैसे चुनें और असली कैसे पहचानें →
किस ग्रह की कौन-सी जड़ हो, इस पर परंपराएँ अलग-अलग हैं। असली की पहचान और आम बाज़ार-दाम के लिए हमारी 'असली की पहचान' गाइड देखें।
रुद्राक्ष · ₹499–₹1,499
दो मुखी रुद्राक्ष
परंपरा दो मुखी रुद्राक्ष को चंद्र से जोड़ती है। सफ़ेद या लाल धागे में, 'ॐ नमः शिवाय' की एक माला के बाद पहनें।
सोमवार
परंपराकरें / न करें
न करें: बिना परख (एक्स-रे/लैब रिपोर्ट) के महँगा रुद्राक्ष न लें।
इसे कैसे चुनें और असली कैसे पहचानें →
असली की पहचान (एक्स-रे/लैब रिपोर्ट, मुखों की गिनती) के लिए हमारी गाइड देखें। ऊपर का दाम आम बाज़ार-दाम का अंदाज़ा है, बिक्री नहीं।
यंत्र · ₹299–₹1,499
BPHS: चंद्र की प्रतिमा स्फटिक की
BPHS पूजा के लिए चंद्र की प्रतिमा स्फटिक (क्रिस्टल) की बताता है।
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शास्त्र · BPHS (Santhanam) 84.3–5
चंद्र यंत्र
चाँदी, ताँबे या भोजपत्र पर बना चंद्र यंत्र पूजा-स्थान में रखें; सोमवार को दीप और जप के समय उस पर ध्यान रखें।
सोमवार
परंपराकरें / न करें
करें: साफ़ जगह रखें, धूल न जमने दें।
इसे कैसे चुनें और असली कैसे पहचानें →
यंत्र पूजा और ध्यान का सहारा है; परंपरा उसे इसी रूप में देखती है।
संकल्प पूजा / जाप / हवन (पंडित से) · ₹251–₹2,100
शास्त्र की विधि: 11,000 जप और पलाश से हवन
BPHS चंद्र के वैदिक मंत्र का 11,000 जप, फिर पलाश की समिधा से (शहद, घी, दही या दूध मिलाकर) 108 या 28 आहुति का हवन बताता है।
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शास्त्र · BPHS (Santhanam) 84.21–22
पंडित से संकल्प-जप (जानकारी)
पंडित आपके नाम-गोत्र से संकल्प लेकर जप पूरा करते हैं, अंत में दशांश (जप का दसवाँ भाग) हवन। आम तौर पर ₹251 (छोटा जप) से ₹2,100 (पूरा जप-हवन) तक ख़र्च आता है।
सोमवार से शुरू
परंपराकरें / न करें
करें: पूछें कि कितना जप होगा और कितने दिन में।
इसे कैसे चुनें और असली कैसे पहचानें →
यह केवल जानकारी है कि पूजा में क्या होता है और आम तौर पर कितना ख़र्च आता है। पूजा करवानी है या नहीं, यह आपका चुनाव है।
उपरत्न / रत्न · ₹799–₹12,000+
रत्न सिर्फ़ उन ग्रहों के लिए दिखाए जाते हैं जिन्हें परंपरा आपकी कुंडली में शुभ मानती है, और हर रत्न के साथ उसका उपरत्न।
हमारे gem rule के अनुसार चंद्र कर्क (लग्नेश), वृश्चिक (नवमेश) और मीन (पंचमेश) लग्न में रत्न के योग्य है। कोई रत्न 'ज़रूरी' नहीं; ₹0 उपाय पहले।
लाहिड़ी अयनांश · संपूर्ण राशि भाव · मीन नोड (राहु-केतु) · स्विस एफ़ेमेरिस