पूर्वा फाल्गुनी नक्षत्र, चरण 2: अंश, नवांश और नामाक्षर

पूर्वा फाल्गुनी का चरण 2 सिंह 16°40′ से सिंह 20°00′ तक फैला है (कुल 3°20′)।

स्रोत: अवकहड़ा चक्र (परंपरा), नामाक्षर

आपकी कुंडली में

अंश
सिंह 16°40′ – सिंह 20°00′
निरयन अंश (राशिचक्र में)
136.666667 – 140.000000
राशि
सिंह
नवांश राशि
कन्या
नवांश स्वामी
बुध
नामाक्षर
टा
अवकहड़ा चक्र (परंपरा)

इस चरण की बातें

पूर्वा फाल्गुनी का चरण 2 सिंह 16°40′ से सिंह 20°00′ तक फैला है (कुल 3°20′)। यह चरण सिंह राशि में आता है और इसका नवांश कन्या है, जिसके स्वामी बुध हैं। नक्षत्र के स्वामी शुक्र हैं, इसलिए इस चरण में जन्म होने पर पहली महादशा शुक्र की होती है। अवकहड़ा चक्र (परंपरा) में इस चरण का नामाक्षर 'टा' है।

परंपरा क्या मानती है

ज्योतिष की परंपरा पूर्वा फाल्गुनी को आनंद, मेल-जोल, कला और जीवन की सुंदर चीज़ों की क़द्र से जोड़ती है। नवांश के रंग से परंपरा इस चरण में ये गुण भी देखती है: बारीकी पर ध्यान, विश्लेषण की समझ, व्यवस्था बनाना, और सेवा का भाव। ये बातें परंपरा की प्रवृत्तियाँ हैं, किसी व्यक्ति पर लगी मुहर नहीं; असली तस्वीर पूरी कुंडली से बनती है।

आगे पढ़ें

आधार ग्रंथ

  • अवकहड़ा चक्र (परंपरा) · नामाक्षर

शास्त्रीय ग्रंथों से मिलान · अंतिम बार जाँचा: 2026-10-14