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आज का पंचांग: दिल्ली

पंचांग के पाँच अंग हैं: तिथि, वार, नक्षत्र, योग और करण। यहाँ आपके शहर का आज का पंचांग है, हर अंग के समाप्ति समय के साथ, और सूर्योदय, चंद्रोदय, राहु काल, गुलिक, यमगंड, अभिजित, चौघड़िया और होरा। कुंडली सहेजी हो तो आपका आज का तारा बल और चंद्र बल भी।

स्रोत: धर्मसिंधु · उज्जैन के सूर्योदय से तिथि-निर्णय

16 नवंबर 2026 · विक्रम संवत 2083 · कार्तिक मास

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पंचांग के पाँच अंग

तिथिसप्तमी (शुक्ल)04:20 तक
नक्षत्रश्रवण02:17 तक
योगगण्ड07:16 तक
करणगर15:14 तक
वारसोमवार
सूर्योदय06:44
सूर्यास्त17:27
चंद्रोदय12:16
चंद्रास्त23:14

दिन के काल

राहु काल
08:04–09:25
गुलिक काल
13:26–14:46
यमगंड
10:45–12:05
अभिजित मुहूर्त
11:44–12:27

राहु काल दिन का लगभग डेढ़ घंटे का एक हिस्सा है जो हर वार के लिए तय क्रम से आता है। परंपरा, खासकर दक्षिण भारत में, इस समय नया काम शुरू करना टालती है। हम यह समय बताते हैं; मानना या न मानना आपका और आपके परिवार का निर्णय है।

चौघड़िया · दिन

अमृत ★06:44–08:04
काल08:04–09:25
शुभ ★09:25–10:45
रोग10:45–12:05
उद्वेग12:05–13:26
चर13:26–14:46
लाभ ★14:46–16:06
अमृत ★16:06–17:27

चौघड़िया · रात

चर17:27–19:06
रोग19:06–20:46
काल20:46–22:26
लाभ ★22:26–00:06
उद्वेग00:06–01:45
शुभ ★01:45–03:25
अमृत ★03:25–05:05
चर05:05–06:45

★ अमृत, शुभ, लाभ · ये नाम परंपरा के हैं। उद्वेग, काल और रोग में परंपरा बस नया काम शुरू करना टालती है; बाकी सब काम सामान्य चलते हैं।

होरा
चंद्र06:44–07:37
शनि07:37–08:31
गुरु (बृहस्पति)08:31–09:25
मंगल09:25–10:18
सूर्य10:18–11:12
शुक्र11:12–12:05
बुध12:05–12:59
चंद्र12:59–13:52
शनि13:52–14:46
गुरु14:46–15:39
मंगल15:39–16:33
सूर्य16:33–17:27
शुक्र17:27–18:33
बुध18:33–19:40
चंद्र19:40–20:46
शनि20:46–21:53
गुरु21:53–22:59
मंगल22:59–00:06
सूर्य00:06–01:12
शुक्र01:12–02:19
बुध02:19–03:25
चंद्र03:25–04:32
शनि04:32–05:38
गुरु05:38–06:45

होरा दिन का एक 'घंटा' है: एक सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक के समय का 24वाँ हिस्सा, और हर होरा का एक स्वामी ग्रह होता है।

समय लगभग हैं; अलग-अलग पंचांगों में कुछ मिनट का अंतर हो सकता है।

आपके लिए आज

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