आज का पंचांग: दिल्ली
पंचांग के पाँच अंग हैं: तिथि, वार, नक्षत्र, योग और करण। यहाँ आपके शहर का आज का पंचांग है, हर अंग के समाप्ति समय के साथ, और सूर्योदय, चंद्रोदय, राहु काल, गुलिक, यमगंड, अभिजित, चौघड़िया और होरा। कुंडली सहेजी हो तो आपका आज का तारा बल और चंद्र बल भी।
स्रोत: धर्मसिंधु · उज्जैन के सूर्योदय से तिथि-निर्णय
14 अक्टूबर 2026 · विक्रम संवत 2083 · आश्विन मास
पंचांग के पाँच अंग
दिन के काल
- राहु काल
- 12:07–13:33
- गुलिक काल
- 10:40–12:07
- यमगंड
- 07:47–09:14
- अभिजित मुहूर्त
- 11:43–12:30
बुधवार को परंपरा अभिजित मुहूर्त नहीं लेती: मुहूर्त-चिंतामणि बुधवार के लिए अभिजित को निषिद्ध मुहूर्तों में गिनता है।
राहु काल दिन का लगभग डेढ़ घंटे का एक हिस्सा है जो हर वार के लिए तय क्रम से आता है। परंपरा, खासकर दक्षिण भारत में, इस समय नया काम शुरू करना टालती है। हम यह समय बताते हैं; मानना या न मानना आपका और आपके परिवार का निर्णय है।
चौघड़िया · दिन
चौघड़िया · रात
★ अमृत, शुभ, लाभ · ये नाम परंपरा के हैं। उद्वेग, काल और रोग में परंपरा बस नया काम शुरू करना टालती है; बाकी सब काम सामान्य चलते हैं।
होरा
होरा दिन का एक 'घंटा' है: एक सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक के समय का 24वाँ हिस्सा, और हर होरा का एक स्वामी ग्रह होता है।
समय लगभग हैं; अलग-अलग पंचांगों में कुछ मिनट का अंतर हो सकता है।
आपके लिए आज
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