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आज का पंचांग: दिल्ली

पंचांग के पाँच अंग हैं: तिथि, वार, नक्षत्र, योग और करण। यहाँ आपके शहर का आज का पंचांग है, हर अंग के समाप्ति समय के साथ, और सूर्योदय, चंद्रोदय, राहु काल, गुलिक, यमगंड, अभिजित, चौघड़िया और होरा। कुंडली सहेजी हो तो आपका आज का तारा बल और चंद्र बल भी।

स्रोत: धर्मसिंधु · उज्जैन के सूर्योदय से तिथि-निर्णय

18 अगस्त 2026 · विक्रम संवत 2083 · श्रावण मास

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पंचांग के पाँच अंग

तिथिषष्ठी (शुक्ल)17:51 तक
नक्षत्रस्वाती06:47 तक
योगशुक्ल03:23 तक
करणतैतिल17:51 तक
वारमंगलवार
सूर्योदय05:52
सूर्यास्त18:57
चंद्रोदय11:15
चंद्रास्त22:11

दिन के काल

राहु काल
15:41–17:19
गुलिक काल
12:24–14:03
यमगंड
09:08–10:46
अभिजित मुहूर्त
11:58–12:51

राहु काल दिन का लगभग डेढ़ घंटे का एक हिस्सा है जो हर वार के लिए तय क्रम से आता है। परंपरा, खासकर दक्षिण भारत में, इस समय नया काम शुरू करना टालती है। हम यह समय बताते हैं; मानना या न मानना आपका और आपके परिवार का निर्णय है।

चौघड़िया · दिन

रोग05:52–07:30
उद्वेग07:30–09:08
चर09:08–10:46
लाभ ★10:46–12:24
अमृत ★12:24–14:03
काल14:03–15:41
शुभ ★15:41–17:19
रोग17:19–18:57

चौघड़िया · रात

काल18:57–20:19
लाभ ★20:19–21:41
उद्वेग21:41–23:03
शुभ ★23:03–00:25
अमृत ★00:25–01:47
चर01:47–03:08
रोग03:08–04:30
काल04:30–05:52

★ अमृत, शुभ, लाभ · ये नाम परंपरा के हैं। उद्वेग, काल और रोग में परंपरा बस नया काम शुरू करना टालती है; बाकी सब काम सामान्य चलते हैं।

होरा
मंगल05:52–06:57
सूर्य06:57–08:03
शुक्र08:03–09:08
बुध09:08–10:13
चंद्र10:13–11:19
शनि11:19–12:24
गुरु (बृहस्पति)12:24–13:30
मंगल13:30–14:35
सूर्य14:35–15:41
शुक्र15:41–16:46
बुध16:46–17:52
चंद्र17:52–18:57
शनि18:57–19:52
गुरु19:52–20:46
मंगल20:46–21:41
सूर्य21:41–22:36
शुक्र22:36–23:30
बुध23:30–00:25
चंद्र00:25–01:19
शनि01:19–02:14
गुरु02:14–03:08
मंगल03:08–04:03
सूर्य04:03–04:58
शुक्र04:58–05:52

होरा दिन का एक 'घंटा' है: एक सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक के समय का 24वाँ हिस्सा, और हर होरा का एक स्वामी ग्रह होता है।

समय लगभग हैं; अलग-अलग पंचांगों में कुछ मिनट का अंतर हो सकता है।

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