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आज का पंचांग: दिल्ली

पंचांग के पाँच अंग हैं: तिथि, वार, नक्षत्र, योग और करण। यहाँ आपके शहर का आज का पंचांग है, हर अंग के समाप्ति समय के साथ, और सूर्योदय, चंद्रोदय, राहु काल, गुलिक, यमगंड, अभिजित, चौघड़िया और होरा। कुंडली सहेजी हो तो आपका आज का तारा बल और चंद्र बल भी।

स्रोत: धर्मसिंधु · उज्जैन के सूर्योदय से तिथि-निर्णय

22 अप्रैल 2026

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पंचांग के पाँच अंग

तिथिषष्ठी (शुक्ल)22:50 तक
नक्षत्रआर्द्रा22:13 तक
योगअतिगण्ड09:08 तक
करणकौलव12:01 तक
वारबुधवार
सूर्योदय05:49
सूर्यास्त18:50
चंद्रोदय09:44

दिन के काल

राहु काल
12:19–13:57
गुलिक काल
10:42–12:19
यमगंड
07:26–09:04
अभिजित मुहूर्त
11:53–12:45
बुधवार को परंपरा अभिजित मुहूर्त नहीं लेती: मुहूर्त-चिंतामणि बुधवार के लिए अभिजित को निषिद्ध मुहूर्तों में गिनता है।

राहु काल दिन का लगभग डेढ़ घंटे का एक हिस्सा है जो हर वार के लिए तय क्रम से आता है। परंपरा, खासकर दक्षिण भारत में, इस समय नया काम शुरू करना टालती है। हम यह समय बताते हैं; मानना या न मानना आपका और आपके परिवार का निर्णय है।

चौघड़िया · दिन

लाभ ★05:49–07:26
अमृत ★07:26–09:04
काल09:04–10:42
शुभ ★10:42–12:19
रोग12:19–13:57
उद्वेग13:57–15:35
चर15:35–17:13
लाभ ★17:13–18:50

चौघड़िया · रात

उद्वेग18:50–20:12
शुभ ★20:12–21:35
अमृत ★21:35–22:57
चर22:57–00:19
रोग00:19–01:41
काल01:41–03:03
लाभ ★03:03–04:25
उद्वेग04:25–05:48

★ अमृत, शुभ, लाभ · ये नाम परंपरा के हैं। उद्वेग, काल और रोग में परंपरा बस नया काम शुरू करना टालती है; बाकी सब काम सामान्य चलते हैं।

होरा
बुध05:49–06:54
चंद्र06:54–07:59
शनि07:59–09:04
गुरु (बृहस्पति)09:04–10:09
मंगल10:09–11:14
सूर्य11:14–12:19
शुक्र12:19–13:25
बुध13:25–14:30
चंद्र14:30–15:35
शनि15:35–16:40
गुरु16:40–17:45
मंगल17:45–18:50
सूर्य18:50–19:45
शुक्र19:45–20:40
बुध20:40–21:35
चंद्र21:35–22:29
शनि22:29–23:24
गुरु23:24–00:19
मंगल00:19–01:14
सूर्य01:14–02:08
शुक्र02:08–03:03
बुध03:03–03:58
चंद्र03:58–04:53
शनि04:53–05:48

होरा दिन का एक 'घंटा' है: एक सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक के समय का 24वाँ हिस्सा, और हर होरा का एक स्वामी ग्रह होता है।

समय लगभग हैं; अलग-अलग पंचांगों में कुछ मिनट का अंतर हो सकता है।

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